अगर आप भी मेरी ही तरह साहिित्य प्रेमी हैं, तो हम जानते हैं कि रविन्द्रनाथ टैगोर साहित्य में कितना बड़ा नाम है| रविन्द्रनाथ ऐशिया के पहले साहित्यकार थे जिन्हें नोबेल पुरस्कार से नवाज़ा गया उन्हि की एक कृति है 'चोखेर बाली' (आंख की किरकीरी) जो मूल रूप से बंगाली भाषा मे उन्ही के द्वारा लिखी गयी है|
उनका उपन्यास 'चोखेर बाली' प्रेम, वासना, मित्रता और दाम्पत्य जीवन के ऊहा-पोह में फंसे बिनोदिनी और महेन्द्र, आशा और बिहारी की बड़ी ही मार्मिक कहानी है| मानवीय भावनाओं को अपनी कलम से लिखते हुए बंगाल के तत्कालीन समाज का भी सजीव चित्रण प्रस्तुत किया है|
वहीं राजलक्ष्मी और बेटे महेन्द्र के प्रेम को भी दर्शाया है और इसके साथ ही महेन्द्र की चाची अन्नपुर्णा की भी विशेष भुमिका रही है|
इसमें प्रेम, मित्रता की हृदय को छू लेने वाली वेदना आपको इसके प्रति खिंच लेने में सक्षम है|
और अगर आप अंग्रेजी पाठक भी हैं तो यह पुस्तक आपको अंग्रेजी भाषा में भी मिल जाएगी|
हिन्दी
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अंग्रेजी
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जवाब देंहटाएंSahitya ho ya education ka koi chetra ho sab pr Rabindranath Tagore ki alg hi chavi h
जवाब देंहटाएंUnki ye book bhoot famous
Aap bhi sahitya premi h 😊
जवाब देंहटाएंजी! साहित्य तो हम सबके जीवन का आधार है🙂
हटाएंWahh...main bhi Rabindranath Tagore ke lekhan ko pasand karti hu...par Maine kabhi ye book nahi padhi h...thank u for telling me something new💕💕💞💞
जवाब देंहटाएंमुझे खुशी है कि आप मेरे माध्यम से कुछ नया जान पाये
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रवींद्रनाथ टैगोर जी सभी साहित्य प्रेमियों के लिए प्रेरणा रहे हैं और हमें प्रेरित करते रहेंगे
जवाब देंहटाएं🌹🌹👏🏻👏🏻
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